समाजसेवा और संघर्ष की विरासत को नमन: मांझी में स्वतंत्रता सेनानी हरदेव यादव की 30वीं पुण्यतिथि श्रद्धा से मनाई गई
हिन्दी रोजाना
सारण (बिहार) संवाददाता संजीव शर्मा: मांझी स्थित हरदेव यादव बालिका उच्च विद्यालय परिसर में सोमवार को विद्यालय के संस्थापक, स्वतंत्रता सेनानी एवं पूर्व मुखिया स्वर्गीय हरदेव यादव की 30वीं पुण्यतिथि समारोहपूर्वक एवं गरिमामय वातावरण में मनाई गई। इस अवसर पर उपस्थित जनप्रतिनिधियों, सामाजिक कार्यकर्ताओं, शिक्षकों एवं ग्रामीणों ने उनके तैलचित्र पर पुष्प अर्पित कर भावभीनी श्रद्धांजलि दी और उनके आदर्शों को आत्मसात करने का संकल्प लिया।
श्रद्धांजलि सभा को संबोधित करते हुए समाजवादी नेता रामायण सिंह जीवनदानी ने कहा कि स्व. हरदेव यादव उच्च कोटि के स्वतंत्रता सेनानी थे, जिनका संपूर्ण जीवन सादगी, संघर्ष और समाजसेवा को समर्पित रहा। उन्होंने पंचायती राज व्यवस्था को सशक्त बनाने के साथ-साथ दलितों, अल्पसंख्यकों, पिछड़े और वंचित वर्गों के अधिकारों के लिए निरंतर संघर्ष किया। वक्ताओं ने कहा कि उन्होंने समाज में समानता और सामाजिक न्याय की चेतना जगाने का कार्य किया, जो आज के समय में और भी अधिक प्रासंगिक हो गया है।
कार्यक्रम के दौरान आयोजक ई. सौरभ सन्नी एवं पूर्व मुखिया सत्यनारायण प्रसाद यादव द्वारा आगत अतिथियों और विद्यालय के शिक्षकों को शॉल ओढ़ाकर सम्मानित किया गया। साथ ही मानव सेवा की भावना को आगे बढ़ाते हुए दर्जनों जरूरतमंदों के बीच कंबल का वितरण किया गया, जिससे सामाजिक सरोकार और सेवा भाव का संदेश दिया गया।
समारोह में डॉ. सत्यनारायण यादव, अशोक यादव, संतोष पहलवान, मंजूर आलम खान, हरिनिवास गिरी, लक्ष्मण राम, नीलम वर्मा, गौतम शर्मा, गुड्डू कुशवाहा फौजी, रमेश यादव, लालबाबू चौधरी, सत्या सिंह उर्फ प्पन सिंह, हरेंद्र यादव, कैप्टन राम नरेश यादव सहित विभिन्न सामाजिक एवं राजनीतिक संगठनों के प्रतिनिधियों ने अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। सांस्कृतिक कार्यक्रम के अंतर्गत उदय नारायण सिंह एवं शैलेश समदर्शी ने देशभक्ति और सामाजिक चेतना से ओतप्रोत गीतों की प्रस्तुति देकर माहौल को भावुक बना दिया। कार्यक्रम का संचालन रंजन शर्मा ने किया।

